25.6 C
Patna
Tuesday, May 11, 2021
Homeक्राइमहत्यारों को फांसी दिलवाने वाली वकील सीमा कुशवाहा लड़ेंगी हाथरस की बेटी...

हत्यारों को फांसी दिलवाने वाली वकील सीमा कुशवाहा लड़ेंगी हाथरस की बेटी का केस

लखनऊ। दिल्ली में निर्भया कांड के दोषियों को मौत की सजा दिलाकर सुर्खियों में आई उत्तर प्रदेश में इटावा की वकील सीमा समृद्धि कुशवाहा अब हाथरस में हैवानियत की शिकार पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए फ्री केस लड़ेंगी। दरअसल सीमा हाथरस कांड की पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए उसके परिवार से मिलने के लिए उसके गांव जा रही थी लेकिन उनको जिला प्रशासन ने रोक लिया।

हाथरस के अपर जिलाधिकारी से हुई तीखी बहस सोशल मीडिया में वायरल हो गई

इस दौरान उनकी हाथरस के अपर जिलाधिकारी से हुई तीखी बहस सोशल मीडिया में वायरल हो गई। जब उनसे हाथरस जाने का कारण पत्रकारों ने पूछा तो उन्होंने साफ किया कि वह वह हाथरस दुष्कर्म कांड मामले की पीड़िता का केस लड़ेंगी और मानवता को शर्मसार करने वाली इस मामले के लिए वह कोई भी फीस नहीं लेंगी।

प्रशासन मुझे परिवार से मिलने नहीं दे रहा

उन्होंने कहा कि पीड़िता का परिवार चाहता है कि मैं उनकी वकील के तौर पर इस केस को लड़ूं, लेकिन प्रशासन मुझे परिवार से मिलने नहीं दे रहा है। प्रशासन कह रहा है कि इससे कानून व्यवस्था बिगड़ेगी। हाथरस की बेटी के शव को पुलिस ने पेट्रोल डालकर जलाया। मैने निर्भया को न्याय दिलाया और इसे भी न्याय दिलाऊंगी। सीमा ने बताया कि देश किसी भी प्रोफेशन की महिलाएं यह दावा नहीं कर सकती कि वह सुरक्षित है।

ज्योति ट्रस्ट की कानूनी सलाहकार

सीमा समृद्धि सुप्रीम कोर्ट की वकील हैं और निर्भया ज्योति ट्रस्ट की कानूनी सलाहकार हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय से शिक्षा प्राप्त करने के बाद सीमा वर्ष 2014 में सुप्रीम कोर्ट में वकालत शुरू की थी। सीमा 24 जनवरी 2014 को निर्भया ज्योति ट्रस्ट से जुड़ी थी। सीमा कुशवाहा मूल रूप से उत्तर प्रदेश के इटावा जिले की रहने वाली हैं। दस जनवरी 1982 को इटावा के ग्राम पंचायत बिधिपुर ब्लॉक महेवा, तहसील चकरनगर के एक छोटे से गांव उग्रापुर में उनका जन्म हुआ था।

पैसे की तंगी के बीच उन्होंने प्रौढ़ शिक्षा विभाग में संविदा पर नौकरी भी की

उनके पिता बालादीन कुशवाहा बिधिपुर ग्राम पंचायत के ग्राम प्रधान भी रह चुके हैं। पिता के निधन के बाद आर्थिक तंगी के बीच सीमा ने कानून की पढाई पूरी की। पैसे की तंगी के बीच उन्होंने प्रौढ़ शिक्षा विभाग में संविदा पर नौकरी भी की। उन्होंने 2005 में कानपुर विश्वविद्यालय से एलएलबी में स्नातक की पढ़ाई पूरी की।

उन्होंने उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय से 2006 में पत्रकारिता की डिग्री हासिल की। उसके बाद उन्होंने राजनीति विज्ञान में एमए भी किया। सीमा पहले आईएएस अधिकारी बनना चाहती थी इसके लिए उन्होंने तैयारी भी की।

पति राकेश मुंगेर के संग्रामपुर के पौरिया गांव के गणित के अध्यापक

सीमा के पति राकेश बिहार राज्य के मुंगेर के संग्रामपुर प्रखंड के पौरिया गांव के रहने वाले हैं जो गणित के अध्यापक हैं और दिल्ली में आईआईटी की तैयारी कराने वाली एक संस्था से जुड़े हैं। सीमा बताती है कि निर्भया का केस लड़ने के दौरान वह कई बार बीमार भी हुईं लेकिन इस बीच हर वक्त पति राकेश मेरे साथ खड़े रहे। उन्होंने हमेशा मेरा हौसला बढ़ाया।

हाथरस कांडः दोषियों को ऐसा दंड मिलेगा कि बनेगा उदाहरण: योगी…
Badhta Bihar News
बिहार की सभी ताज़ा ख़बरों के लिए पढ़िए बढ़ता बिहार, बिहार के जिलों से जुड़ी तमाम अपडेट्स के साथ हम आपके पास लाते है सबसे पहले, सबसे सटीक खबर, पढ़िए बिहार से जुडी तमाम खबरें अपने भरोसेमंद डिजिटल प्लेटफार्म बढ़ता बिहार पर।
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments